हिमालय से उतरे रुद्राक्ष बाबा ने महाकुंभ से योगी पर की भविष्यवाणी
हिमालय से महाकुंभ पहुंचे एक नागा सन्यासी ऐसे हैं, जिन्होंने जलती धूनी के आगे योगी-मोदी के नाम पर अकाट्य भविष्यवाणी कर डाली है। इन्ही रुद्राक्ष बाबा ने हिमालय की तरफ प्रस्थान करने से पहले भविष्य की कौन सी तस्वीर दिखाने की कोशिश की है।

गंगा, यमुना, ब्रह्मपुत्र-का उद्गम स्थल है हिमालय, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक का मूल आधार है हिमालय, हिंदुओं के तीर्थस्थलों का केंद्र है हिमालय, शिव-शक्ति का निवास स्थल है हिमालय, भारत का सुरक्षा कवच है हिमालय। सच कहें, तो शब्दों में हिमालय का बखान करना असंभव है। हिमालय की चोटियों से उतरकर नागा संन्यासी इस बार जब संगम नगरी प्रयागराज पहुँचे, समूचा महाकुंभ मेला गुलज़ार हो गया। 144 साल बाद आए महाकुंभ की रौनक़ अब धुंधली होती जा रही है, क्योंकि अमृत स्नान के बाद नागा सन्यासियों का महाकुंभ से निकलकर काशी पहुँचने का सिलसिला शुरु हो चुका है…हालाँकि श्रद्धालुओं की भीड़ से पटा महाकुंभ अभी भी दुनिया का centre of attraction बना हुआ है। इसी महाकुंभ से भविष्यवाणी करने का सिलसिला शुरु हो चुका है। हिमालय से महाकुंभ पहुंचे एक नागा सन्यासी ऐसे हैं, जिन्होंने जलती धूनी के आगे योगी-मोदी के नाम पर अकाट्य भविष्यवाणी कर डाली है। इन्ही रुद्राक्ष बाबा ने हिमालय की तरफ प्रस्थान करने से पहले भविष्य की कौन सी तस्वीर दिखाने की कोशिश की है।